महात्मा फूले के आदर्शो पर चलने का किया आह्वान
सवाई माधोपुर। आज मानव सेवा (प्रकृति प्रेमी) ग्रुप सवाई माधोपुर के संरक्षक हनुमान सिंह नरूका की अध्यक्षता में शहर रोड़ स्थित विनोबा बस्ती में सामाजिक क्रांति के अग्रदूत महान समाज सुधारक महात्मा ज्योतिबा फुले की 196 वीं जयंती हर्षोल्लास के साथ मनाई गई |
ग्रुप संचालक राजेश सैनी के अनुसार उनके चित्र के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित कर माल्यापर्ण किया गया और पुष्पांजलि अर्पित की | साथ ही मुख्यमंत्री अशोक गहलोत का सार्वजनिक अवकाश घोषित करने पर मिठाई बांटकर आभार व्यक्त किया |सैनी ने बताया की इन्होने दलितों व महिलाओं के उत्थान के लिए अनेक कार्य किये। 24 सितंबर 1873 ईo को इन्होंने महाराष्ट्र में सत्यशोधक समाज की स्थापना की।और जाति प्रथा को समाप्त करने के उद्देश्य से बिना पंडित के ही विवाह संस्कार प्रारंभ किया।हनुमान सिंह नरूका ने विचार व्यक्त करते हुए कहा की महात्मा फुले ने जाति और धर्म का भेद नही किया और भीमराव अम्बेडकर इनके शिष्य रहे ।और जब भगवान के सामने सब नर-नारी समान हैं तो उनमें ऊँच-नीच का भेद क्यों होना चाहिए। स्त्रियों की दशा सुधारने और उनकी शिक्षा के लिए ज्योतिबा ने 1854 में एक स्कूल खोला। यह इस काम के लिए देश में पहला विद्यालय था। इस योग्य बना दिया। सावन गवारिया ने विचार रखते हुए कहां महात्मा ज्योतिबा फुले ने जाति धर्म समाज से ऊपर उठकर मानव कल्याण कि जो राह दिखाई समाज उत्थान की जो कार्य किए वह हम सबके लिए आदर्श है | इस अवसर पर संयोजक पवन सैन, उपाध्यक्ष रामवतार पाठक, गौरीशंकर सैनी, रसूल कर्मावत, पंकज, अक्षय, राजीव सहित कई लोग मौजूद रहे |