भोले के भक्तो ने शिवलिंग पर अभिषेक कर अपनी श्रद्धा अर्पित की
ब्यावर। सावन के पहले सोमवार पर शिव मंदिरों पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु उमड़ें। भोले के भक्तो ने शिवलिंग पर दूध व जल अभिषेक कर भांग-धतूर व बेलपत्र चढ़ाकर अपनी आस्था व श्रद्धा अर्पित की। भीड़ के दृष्टिगत मंदिर समितियों ने श्रद्धालुओं के सहयोग के लिए स्वयंसेवकों ने सेंवा दी। मंदिरों के सामने धतूरे व बेलपत्रों की दुकानें सजाई गई। शहर के मुंहबोले महादेव मंदिर, महादेवजी की छत्री, नीलकंठ महादेव, मिल कॉलोनी महादेव मंदिर, हनुमतेश्वर महादेव, सोमनाथ महादेव, सुभाष उद्यान शिव मंदिर, स्टेशन रोड शिव मंदिर, सेंदड़ा रोड स्थित शिव मंदिर समेत अन्य कई शिव मंदिरों में श्रद्धालुओ ने भोले का अभिषेक किया। सावन के पहले सोमवार शाम को डिग्गी महादेव मंदिर में अलौकिक नयनाभिराम श्रृंगार किया गया। गौरतलब है कि इस बार सावन में 8 सावन सोमवार आएंगे। सावन माह में सोमवार का दिन विशेष महत्व रखता है। सोमवार को शिव उपासना की कृपा प्राप्ति का द्वार माना गया है। जो देवों के भी देव हैं वही महादेव हैं अर्थात भगवान शिव हैं। सावन मास में आशुतोष भगवान शंकर की पूजा का विशेष महत्व है। जो प्रतिदिन पूजन न कर सकें उन्हें सोमवार को शिव पूजा अवश्य करनी चाहिए और व्रत रखना चाहिए। सोमवार भगवान शंकर का प्रिय दिन है। अत: सोमवार को शिवाराधना करना चाहिए। आशुतोष का अर्थ होता है तुरंत खुश या प्रसन्न होने वाले या तत्काल तुष्ट होने वाले देवता। भगवान शिव को आशुतोष कहते हैं।