आपदा प्रबंधन मंत्री ने किया शिविरों का निरीक्षण
बीकानेर। आपदा प्रबंधन एवं सहायता विभाग मंत्री गोविंद राम मेघवाल ने गुरुवार को खाजूवाला के सियासर चौगान, पूगल के सियासर पंचकोसा और छत्तरगढ़ के शेरपुरा में प्रशासन गांवों के संग और महंगाई राहत अभियान के तहत आयोजित शिविरों का निरीक्षण किया। उन्होंने लाभार्थियों को मुख्यमंत्री गारंटी कार्ड वितरित किए और स्टाॅल्स का अवलोकन किया। उन्होंने अधिकारियों द्वारा किए जा रहे कार्यों की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि शिविरों की उच्च स्तर पर नियमित समीक्षा होती है। सरकार का संकल्प है कि प्रत्येक व्यक्ति को महंगाई से राहत मिले। शिविरों का व्यापक प्रचार करने के निर्देश दिए। खाजूवाला उपखण्ड अधिकारी श्योराम, तहसीलदार दर्शना, बीडीओ राजेंद्र जोईया, सियासर चौगान के सरपंच खलील पड़िहार, एसडीएम पूगल सीता शर्मा, तहसीलदार रामेश्वर गढ़वाल, सियासर पँचकोसा सरपंच सतपाल गोदारा, छत्तरगढ़ एसडीएम राजेंद्र कुमार, नायब तहसीलदार राजेश शर्मा, शेरपुरा सरपंच ब्रह्देव चोटिया, सहित ग्रामीण मौजूद रहे।
आपदा प्रबंधन मंत्री ने किया 4 एसएसएम में किया कक्षा कक्षों का लोकार्पण
आपदा प्रबंधन एवं सहायता विभाग मंत्री गोविंद राम मेघवाल ने गुरुवार को खाजूवाला के 4 एसएसएम में डीएमएफटी योजनांतर्गत बीस लाख रुपये की लागत से बनाए गए दो अतिरिक्त कक्षा कक्षों का लोकार्पण किया।
इस अवसर पर उन्होंने कहा कि स्कूलों में आधारभूत सुविधाओं के विकास में किसी प्रकार की कमी नहीं आने दी जाएगी। राज्य सरकार, विधायक निधि सहित विभिन्न मदों से आवष्यक राषि मुहैया करवाई जाएगी। उन्होंने कहा कि 4 एसएसएम के स्कूल में दो अतिरिक्त कक्षा कक्ष बनने से षिक्षण व्यवस्था और अधिक सुदृढ़ होगी।
आपदा प्रबंधन मंत्री ने कहा कि राज्य सरकार द्वारा शिक्षा के विकास को सर्वोच्च प्राथमिकता दी है। गांव-गांव में नए स्कूल खुले हैं। महात्मा गांधी अंग्रेजी माध्यम स्कूलों ने ग्रामीण क्षेत्र के बच्चों को स्तरीय षिक्षा के अवसर दिए हैं। आने वाले समय में इसके बेहतर परिणाम देखने को मिलेंगे। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार द्वारा सभी आवष्यक व्यवस्थाएं की जा रही हैं। अभिभावक इनका लाभ उठाएं और अपने बच्चों को खूब पढ़ाएं।
मेघवाल ने कहा कि मुख्यमंत्री चिरंजीवी स्वास्थ्य बीमा योजना के तहत 25 लाख रुपये तक का स्वास्थ्य बीमा का लाभ मिलेगा। यह देशभर की अभिनव योजना है। सरकार की ऐसी जनकल्याणकारी योजनाओं का व्यापक प्रचार-प्रसार हो, जिससे प्रत्येक पात्र व्यक्ति को इनका लाभ मिल सके। उन्होंने ग्रामीणों की समस्याएं सुनी और इनके निस्तारण के लिए अधिकारियों को निर्देषित किया।