मिशन 2030 के जिला स्तरीय कार्यक्रम के संबंध में जिला कलेक्टर सीताराम जाट ने ली समीक्षा बैठक
डीडवाना. राजस्थान को शिक्षा, रोजगार, उद्योग, स्वास्थ्य एवं चिकित्सा, सामाजिक सुरक्षा, महिला सशक्तीकरण सहित विभिन्न क्षेत्रों में देश का अग्रणी राज्य बनाने के लिए मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के नेतृत्व में राज्य सरकार द्वारा राजस्थान मिशन 2030 शुरू किया गया है। मिशन 2030 के तहत अब तक राज्य के 2.50 करोड़ लोगों द्वारा सुझाव दिए जा चुके हैं। उन्हीं सुझावों के आधार पर 5 अक्टूबर, 2023, गुरुवार को विजन-2030 डॉक्यूमेंट जारी किया जाएगा तथा इसी के अनुसार योजनाबद्ध तरीके से राज्य का मजबूत विकास होगा।
मिशन 2030 के तहत गुरुवार को राजस्थान विश्वविद्यालय, जयपुर में राज्य स्तरीय कार्यक्रम आयोजित होगा जहां मुख्यमंत्री गहलोत द्वारा विजन-2030 डॉक्यूमेंट जारी किया जाएगा। मिशन 2030 का जिला स्तरीय कार्यक्रम बांगड़ महाविद्यालय सभागार में आयोजित किया जाएगा जहां मुख्यमंत्री गहलोत सुझाव देने वाले जिले के विभिन्न हितधारकों से संवाद करेंगे।
*सोशल मीडिया सहित वीडियो वॉल्स लगाकर किया जाएगा कार्यक्रम का सीधा प्रसारण
मिशन 2030 के तहत आयोजित होने वाले कार्यक्रम का
वेबकास्ट, यू–ट्यूब, ई-मित्र प्लस आदि के माध्यम से ग्राम पंचायत स्तर तक तथा जिले के प्रमुख स्थानों पर वीडियो वॉल लगाकर सीधा प्रसारण किया जाएगा।
*जिला कलक्टर जाट ने ली समीक्षा बैठक*
बुधवार को मिशन 2030 के संबंध में जिला कलेक्टर सीताराम जाट ने समीक्षा बैठक लेकर जिला स्तरीय अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। बैठक में उन्होंने कहा की जिला स्तरीय कार्यक्रम में मिशन 2030 के निबन्ध एवं भाषण प्रतियोगिताओं के विजेताओं को पुरस्कृत किया जाएगा। इस दौरान उन्होंने वेबकास्ट, यू–ट्यूब, ई-मित्र प्लस आदि के माध्यम से ग्राम पंचायत स्तर तक कार्यक्रम का सीधा प्रसारण तथा जिला स्तर से ग्राम पंचायत स्तर तक वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग की बेहतर कनेक्टिविटी सुनिश्चित करने के लिए निर्देशित किया। उन्होंने निर्देशित किया कि कार्यक्रम के सीधे प्रसारण के लिए जिले के प्रमुख स्थानों पर वीडियो वॉल लगाकर प्रसारण करवाना सुनिश्चित करे।
बैठक में जिला कलक्टर जाट ने निर्देशित किया की जिले के जिला स्तर, पंचायत समिति स्तर एवं ग्राम पंचायत स्तर तक कार्यरत् सभी अधिकारियों, कर्मचारियों एवं फील्ड कार्यकर्ताओं को कार्यक्रम में जुड़वाना तथा इसकी समुचित मॉनिटरिंग सुनिश्चित की जाएं। उन्होंने कहा की
स्कूलों व कॉलेजों में कार्यक्रम का सीधा प्रसारण किया जाए तथा सभी शिक्षण संस्थाओं में स्काउट एवं गाईड तथा एनसीसी कैडेट्स को कार्यक्रम में जुड़वाना सुनिश्चित करें। जिले के अधिक से अधिक युवाओं को कार्यक्रम में जोड़ने के लिए वेबकास्ट, यू-ट्यूब, ई-मित्र प्लस आदि के लिंक का अधिक से अधिक लोगों को प्रसारित किया जाए।
*ये अधिकारी रहे उपस्थित*
इस दौरान एडीएम श्योराम वर्मा, आयुक्त नगर परिषद रोहित मील, एसीईओ जिला परिषद मनोज, सीएमएचओ डॉ अनिल जुंदिया, उप निदेशक समाज कल्याण किशनाराम लोल, एक्सएन पीडब्ल्यूडी जितेन्द्र जांगिड़ सहित संबंधित विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे।