जिला कलक्टर ने बाल कल्याण समिति एवं बालिका गृह का किया निरीक्षण
बालिकाओ को परामर्श देकर परिवार में ही पुनर्वास करने का दिया निर्देश
कोटा । जिला कलक्टर एवं अध्यक्ष जिला बाल संरक्षण इकाई ओपी बुनकर ने बाल कल्याण समिति एवं राजकीय बालिका गृह नान्ता, शिशु गृह का निरीक्षण किया। उन्होंने निरीक्षण के दौरान बाल कल्याण समिति के पंेडिंग केसों के निस्तारण पर चर्चा की तथा निस्तारण के सम्बन्ध में आवश्यक निर्देश प्रदान किये।
जिला कलक्टर ने राजकीय बालिका गृह एवं राजकीय दत्तक ग्रहण एजेन्सी का निरीक्षण भी किया तथा आवासित बालिकाओं से गृह की सुविधाओं के सम्बन्ध में, उनके स्वास्थ्य, शिक्षा आदि पर चर्चा की। उन्हांेने इन बालिकाओं को माता-पिता का कहना मानने तथा जीवन में अपने कौशल के आधार पर आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने अधीक्षक को नियमित रूप से बालिकाओं का फॉलोअप रखने, परामर्शदाता के द्वारा नियमित काउन्सलिंग कर परामर्श देकर परिवार में ही पुनर्वास कराने के निर्देश दिये।
जिला बाल संरक्षण इकाई के सहायक निदेशक डॉ. अजीत शर्मा ने बताया कि अध्यक्ष बाल कल्याण समिति राजेन्द्र राठौड़ ने समिति द्वारा किये गए बालक-बालिकाओं के प्रकरणों के निस्तारण के बारे में बताया। उन्होंने कहा कि बाल कल्याण समिति द्वारा बालक-बालिकाओं के पुनर्वास पर त्वरित कार्यवाही कर उचित पुनर्वास की प्रक्रिया अपनाई जा रही है तथा जांच लम्बन में गए प्रकरणों का भी निस्तारण किया जा रहा है। शीघ्र ही पेडिंग केसों का निस्तारण समिति द्वारा कर दिया जाएगा। निरीक्षण के दौरान बाल कल्याण समिति सदस्य ऋषभ जैन, अन्जुमन बानो, बाबूलाल मेहरा, हरर्पित कौर, बालिका गृह अधीक्षक अरूषी जैन, नारी निकेतन अधीक्षक अंशुल मेहन्दीरत्ता, संरक्षण अधिकारी दिनेश शर्मा उपस्थित रहे तथा आवश्यक जानकारी उपलब्ध कराई।