पत्रकारों के परिवारों के लिए निशुल्क ज्योतिष परामर्श का हुआ आयोजन
जोधपुर। जोधपुर के पत्रकारों और उनके परिवारों को निशुल्क ज्योतिष परामर्श का लाभ दिलाने के लिए पश्चिमी राजस्थान के प्रमुख पत्रकार संगठन मारवाड़ प्रेस क्लब द्वारा सीता ज्योतिष एवं अनुसंधान केंद्र के सहयोग से होटल चंद्रा में आयोजन किया गया, जिसमें 10 से अधिक राष्ट्रीय अंतरराष्ट्रीय स्तर के ज्योतिष विशेषज्ञ ने सैकड़ों लोगों की जन्म कुंडली देखकर उन्हें फलादेश बताया। इस निशुल्क ज्योतिष परामर्श कार्यक्रम में राष्ट्रीय अंतरराष्ट्रीय स्तर पर विख्यात हो चुके ज्योतिष विशेषज्ञ ज्योतिष की विभिन्न विधाओं से भूत, वर्तमान और भविष्य की जानकारी से अवगत भी कराया और आवश्यक परामर्श भी दिया।
मारवाड़ प्रेस क्लब के सचिव इम्तियाज अहमद ने जानकारी देते हुए बताया कि,पत्रकारों के हितों की भावनाओं को ध्यान में रखकर मारवाड़ प्रेस क्लब के अध्यक्ष राजीव गौड़ की अध्यक्षता में खाकी अखाड़ा के महामंडलेश्वर 1008 आचार्य मनोहर दास महाराज के सानिध्य में आयोजित हुए निशुल्क ज्योतिष परामर्श कार्यक्रम में राजस्थान आयुर्वेद विश्वविद्यालय के कुलपति प्रदीप कुमार प्रजापति विशिष्ट अतिथि रहे। मारवाड़ प्रेस क्लब के अध्यक्ष राजीव गौड़ ने अतिथियों का स्वागत करने के साथ कार्यक्रम की रूपरेखा पर प्रकाश डाला जबकि आयोजन सहयोगी सीता ज्योतिष एवं वास्तु अनुसंधान केंद्र के निदेशक पंडित एसके जोशी ने इस तरह के आयोजन की प्राथमिकता पर जोर देते हुए कहा कि आमजन में ज्योतिष के प्रति जो विश्वास है वह तभी और मजबूत हो सकता है जब इस तरह के शिविर का आयोजन करके ज्योतिष विद्या को आगे से आगे बढ़ाया जाए।
इस अवसर पर कार्यक्रम को मुख्य अतिथि के रूप में संबोधित करते हुए 1008 महामंडलेश्वर मनोहर दास महाराज ने कहा कि जीवन में आत्म संतुष्टि पाने के लिए आत्ममंथन, आत्मचिंतन और आत्मदर्शन अति आवश्यक है क्योंकि बाह्य सुंदरता क्षणिक है मगर आंतरिक सुंदरता ही आप की अमिट छाप लोगों पर छोड़ती है इसलिए अपने कर्म तथा व्यवहारों में शुद्धता और ईमानदारी रखें तभी जीवन सफल हो सकेगा। उन्होंने भारतीय ज्योतिष पर प्रकाश डालते हुए कहा कि लगातार अभ्यास और विश्वास के कारण भारतीय ज्योतिष कसौटी पर खरा उतरता आया है और विभिन्न विधाओं के माध्यम से जिस रूप में ज्योतिष के प्रति विश्वास कायम है उसके लिए ज्योतिष विशेषज्ञों को पूरी निष्ठा और ईमानदारी के साथ अपने कर्म पर फोकस करना चाहिए।
कार्यक्रम के विशिष्ट अतिथि राजस्थान आयुर्वेद विश्वविद्यालय के कुलपति प्रोफेसर वैद्य पीके प्रजापति ने संबोधित करते हुए कहा कि भारत विश्व गुरु था,विश्व गुरु है, और हमेशा विश्व गुरु रहेगा क्योंकि यहां की सनातन संस्कृति से लेकर भारतीय परंपराओं को आगे बढ़ाने के लिए हर कोई तत्पर रहता है भारतीय ज्योतिष भी उसका एक अहम अंग है।उन्होंने कहा कि,प्राचीन विज्ञान की अनेक विधाओं में ज्योतिष के साथ साथ आयुर्वेद विश्व की प्राचीनतम स्वास्थ्य विज्ञान के रूप में एक अनुपम भेंट है। ज्योतिष और आयुर्वेद का प्राचीन काल से संबंध है और आयुर्वेद की प्राचीन संहिताओं में असाध्य रोगियों में अरिष्ट के लक्षण ज्योतिष से सबंधित हैं।
पहले सत्र में शुभारंभ कार्यक्रम हुआ जिसमें विधिवत रूप से निशुल्क ज्योतिष परामर्श कार्यक्रम के आगाज के साथ विशिष्ट सेवाओं के लिए ज्योतिष विशेषज्ञों को मारवाड़ गौरव सम्मान से नवाजा गया,उसके बाद पूर्व में नियमानुसार पंजीकरण कराने वालों को उनकी पसंद के ज्योतिष विशेषज्ञों से ज्योतिष संबंधी परामर्श लेने के लिए सुविधा उपलब्ध कराई गई, इसके तहत पत्रकार और उनके परिवारों के सैकड़ों सदस्यों ने इस सुविधा का लाभ उठाया और अपनी जन्मपत्री दिखाने के साथ-साथ हस्त रेखा विशेषज्ञों को हाथ भी दिखाया और टैरो पद्धति के साथ-साथ हीलिंग रैकिंग का भी परामर्श लिया।