अनुसूचित जाति जनजाति विकास कोष अधिनियम की दी जानकारी
मांगलियावास। दलित अधिकार केंद्र के तत्वाधान में मांगलियावास के ब्यावर रोड स्थित आसो पालव होटल में अनुसूचित जाति जनजाति विकास निधि योजना, आवंटन एवं वित्तीय साधनों का उपयोग अधिनियम 2022 पर जिला स्तरीय जागरूकता शिविर का आयोजन गुरूवार को केन्द्र के पीसांगन ब्लॉक कोर्डिनेटर कैलाश चिड़िवाल की अध्यक्षता में किया गया।
केन्द्र के पीसांगन ब्लॉक कोर्डिनेटर कैलाश चिड़िवाल ने बताया कि शिविर में दलित अधिकार केंद्र के मुख्य कार्यकारी एडवोकेट हेमन्त मोमरोठ ने दलित अधिकार केन्द्र के 20 वर्षों से किए गए प्रयासों से बने एससी एसटी विकास कोष अधिनियम पर प्रकाश डाला।उन्होंने बताया कि बाबा साहब के पास 32 डिग्रियां व 17 भाषाओं का ज्ञान था। हमको हमारी पीढ़ी को शिक्षा की ओर ध्यान देनी है की आवश्यकता है। केन्द्र के मिस संयोजक मीठालाल जाटव ने एससी-एसटी विकास कोष अधिनियम 2022 पर प्रकाश डालते हुए कहा कि जब तक दलित आर्थिक रूप से सशक्त नहीं होंगे तब तक दलित वर्ग विकास की मुख्य धारा में नहीं जुड़ सकता इसलिए हमारी जिम्मेदारी है कि हम कानून को पूर्ण रूप से लागू करवाए एवं दलितों का बजट दलितों के विकास पर खर्च हो हो। दलित अधिकार केन्द्र जयपुर से एडवोकेट रेणु ने कहा कि महिलाओं की भागीदारी के बिना कोई भी समाज विकास नहीं कर सकता, महिलाओं को वंचित कर समुदाय के विकास की बात करना सरासर बेईमानी है। सामाजिक कार्यकर्ता एवं पंचायत समिति सदस्य एडवोकेट प्रदीप कुमार बारेसा ने कहा कि बाबा साहब ने शिक्षा, संगठन व संघर्ष की शिक्षा दी थी। हमें एकजुट होकर प्रयास करने की आवश्यकता है। इस दौरान अजमेर जिला समन्वयक इन्दिरा सोलंकी,सामाजिक कार्यकर्ता मातादीन रैगर, राजेश ऑलानिया, इन्दिरा पाण्डे, मनोज काला, छगना नाराणियांं, मेघराज ईडिवाल, वार्डपंच शंकरलाल चिड़िवाल, सुमेर चंद्र, शिवराज मेघवाल, अमरचंद डिडवानिया, सुरेन्द्र कुमार, रेखा महेरा, कविता काला, शांति मेघवाल,पुजा सहित 65 महिला पुरुषों ने भाग लिया।