नेता की चाहत बेटा भी बने मुख्यमंत्री
चुनावों के आते ही देश में तरह तरह के आरोपों की झड़िया लग जाती है। इनमें एक आरोप ऐसा है जिसकी
चर्चा मीडिया में सुर्खियां लिए हुए है। यह आरोप कोई छोटा मोटा नहीं अपितु संगीन आरोप है ,जिसकी तह
में जाने पर कुछ सच्चाई नज़र आती है। यह आरोप परिवारवाद से जुड़ा है। इसका खुलासा देश के गृह मंत्री
अमित शाह ने किया है। बतौर शाह के सोनिया गाँधी चाहती है उनका बेटा राहुल बने देश का प्रधान मंत्री
बने। इसी भांति लालू यादव चाहते है उनका बेटा तेजस्वी बने बिहार का मुख्यमंत्री। तमिलनाडु के
मुख्यमंत्री स्टालिन चाहते है उनका बेटा उदयनिधि राज्य की कमान संभाले। महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री
उद्धव ठाकरे अपने बेटे आदित्य को अपनी कमान सौंप कर राज्य का मुख्यमंत्री बनाना चाहते है। बंगाल
की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी अपने भतीजे अभिषेक को मुख्यमंत्री बनाना चाहती है। आश्चर्य की बात तो
यह है की इनमें से मुख्यमंत्री का ख्वाब देखने वाले अनेक नेता पुत्रों के खिलाफ भ्रष्टाचार और सत्ता के
दुरूपयोग के संगीन आरोप है। सोनिया गाँधी के सुपुत्र राहुल पर देश की अनेक अदालतों में मुकदमें
विचाराधीन है। नेशनल हेराल्ड केस में राहुल जमानत पर है। सोनिया गांधी और राहुल गांधी पर आरोप है
कि इन्होंने यंग इंडिया लिमिटेड कंपनी बनाई, जिसका मकसद कारोबार करना नहीं था, बल्कि वो इस
कंपनी के जरिए एसोसिएट्स जर्नल्स लिमिटेड को खरीदकर उसकी 2 हज़ार करोड़ रुपये की संपत्ति को
अपने नाम पर करना चाहते थे। साल 2011 में ऐसा ही हुआ। उस समय सोनिया गांधी और राहुल गांधी की
कंपनी यंग इंडिया लिमिटेड ने एसोसिएट्स जर्नल्स लिमिटेड को टेकओवर कर लिया। इस तरह केवल 50
लाख रुपये चुकाकर सोनिया गांधी और राहुल गांधी 2 हजार करोड़ रुपये की संपति के मालिक बन गये।
लालू यादव अपने बेटे तेजस्वी को मुख्यमंत्री के रूप में देखना चाहते है। तेजस्वी भी अनेक आरोपों से घिरे
है। रेलवे में नौकरी के बदले जमीन घोटाले में घिरे तेजस्वी पर भ्रष्टाचार के जरिये सम्पति खरीदने की
जाँच ईडी कर रही है। लालू यादव के बच्चों तेजप्रताप, तेजस्वी और चंदा के नाम दिल्ली के पॉश इलाक़े न्यू
फ़्रेंड्स कॉलोनी में एक घर ख़रीदा गया है, जिसकी कीमत 5 करोड़ रुपये बताई जा रही है.तेजस्वी के चुनावी
हलफ़नामे में इस घर का कोई ज़िक्र नहीं है।
तमिलनाडु के मुख्यमंत्री स्टालिन के बेटे उदयनिधि पर सत्ता के दुरूपयोग सहित समाज में वैमनस्यता
फैलाने के आरोप है। उदयनिधि ने सनातन धर्म के खिलाफ विवादस्पद टिप्पणी की थी। स्टालिन ने कहा
था कि " सनातन धर्म का विचार सामाजिक न्याय के विचार के खिलाफ है और इसे खत्म किया जाना
चाहिए ।
महाराष्ट्र के पूर्व मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे के बेटे आदित्य भी अनेक आरोपों से घिरे है। उनपर सत्ता के
दुरूपयोग के आरोप लगे है। इसी भांति बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के भतीजे अभिषेक के खिलाफ
ईडी शिक्षक नियुक्ति में भ्रष्टाचार के आरोपों की जाँच कर रही है।
अपने बेटों को मुख्यमंत्री के रूप में देखने वाले अनेक नेताओं ने मुख्यमंत्री बनने पर अपने लाडलों को अपने
मंत्री मंडल में शामिल किया। राजनीति में बाप-बेटों की ऐसी कई जोड़ियां हैं, जब पिता मुख्यमंत्री रहे हैं और
बेटा मंत्री बना हो। तमिलनाडु के मुख्यमंत्री स्टालिन का बेटा उदयनिधि अपने पिता के मंत्रिमंडल में
शामिल है। यही नहीं स्टालिन भी अपने पिता करूणानिधि के मंत्रिमंडल में शामिल रहे है। उद्धव ठाकरे
महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री बने तो अपने बेटे आदित्य को भी अपनी केबिनेट में शामिल किया था। तेलंगाना के
सीएम रहे के चंद्रशेखर राव ने भी अपनी कैबिनेट में बेटे केटी रामा राव को जगह दी थी। आंध्र प्रदेश के
मुख्यमंत्री रहे चंद्र बाबू नायडू ने बेटे नारा लोकेश को अपनी कैबिनेट में सूचना प्रौद्योगिकी, पंचायती राज
और ग्रामीण विकास विभाग का कैबिनेट मंत्री बनाया था। पंजाब के मुख्य मंत्री रहे प्रकाशसिंह बादल के पुत्र
सुखबीर सिंह बादल उनकी केबिनेट के सदस्य रहे है । हरियाणा के मुख्यमंत्री रहे देवीलाल के बेटे भी उनके
मंत्रिमंडल में रहे है।
- बाल मुकुन्द ओझा