पैनल्टी से बचने के लिये तस्करी करने के लिये शराब ठेकेदार !
बीकानेर। जिले में शराब कारोबार से जुड़ी चौंकाने वाली खबर सामने आई है। जानकारी के अनुसार पैनल्टी से बचने के लिये बीकानेर के शराब कारोबारी अब शराब की तस्करी करने लगें है। इसका खुलासा अभी हाल में बाड़मेर जिले की पचपदरा पुलिस की कार्यवाही में हुआ। जानकारी के अनुसार पचपदरा पुलिस ने तस्करी की शराब ले जा रहे एक ट्रक को जब्त कर उसमें राजस्थान निर्मित आरएमएल देशी शराब अलग अलग ब्रांड पव्वों से भरे 817 कार्टन उस के कागज के पाउचनुमा पव्वों से भरे 288 कार्टून व कुल 1105 कार्टन बरामद किए । ट्रक चालक भभूताराम पुत्र राणाराम जाति विश्नोई निवासी जागुओं की ढाणी ऊपरला पुलिस थाना चौहटन जिला बाड़मेर को गिरफ्तार कर पुलिस थाना पचपदरा पर आबकारी अधिनियम में प्रकरण दर्ज किया। पुलिस की इस कार्यवाही की पड़ताल में पता चला कि यह शराब तस्करी के जरिये बीकानेर से गुजरात सप्लाई की जा रही थी। हालांकि अभी तक यह तो खुलासा नहीं हुआ है कि जब्त की गई राजस्थान निर्मित आरएमएल शराब बीकानेर के किस शराब ठेकेदार की थी । इसका पता लगाने के लिये पचपदरा पुलिस बीकानेर के आबकारी अधिकारियों जानकारी जुटा रही है। इस मामले की पड़ताल में सामने आया है कि राजस्थान में सरकारी शराब की दुकानों का आवंटन पूर्व में लॉटरी प्रक्रिया से होता था। इसमें ठेके की दर तय होने से पर्ची निकालकर दुकानों का आवंटन किया जाता था, लेकिन चार-पांच साल से ऑनलाइन नीलामी प्रक्रिया शुरू होने पर शराब कारोबार करने वाले ठेकेदारों के साथ ही विभाग की टेंशन भी बढ़ गई । शराब की दुकानों में अच्छी कमाई को लेकर कई नए ठेकेदार इसमें दुकान की क्षमता से अधिक बोली लगाकर दुकान खरीद लेते है, लेकिन बाद में गारंटीनुसार माल की बिक्री नहीं होने से घाटे के चलते दुकान छोड़ देते है। ऐसे में दूसरी बार ठेका ऊंची रेट में होने से सरकारी पैनल्टी से बचने के लिए दुकानदार इधर-उधर माल को अवैध तौर से बेचकर पूर्ति में लगे रहते है। अब ठेकेदार गुजरात में अवैध शराब कारोबार में लिप्त तस्करों से मिलकर यहां से गाडिय़ां भरवाकर बाहर भेज रहे है।