चिकित्सा मंत्री के गृह जिले में चिकित्सा व्यवस्था हुई में बेपटरी,
नहीं मिलते चेंबर में चिकित्सक इलाज के लिए भटक रहे है मरीज ,
दौसा . सरकार राइट टू हेल्थ को लेकर निजी चिकित्सकों पर लगाम लगाने लगी है लेकिन सरकारी अस्पतालों के हालात बद से बदतर होते जा रहे हैं। जबकि चिकित्सा मंत्री खुद के सरकारी अस्पतालों के हालात तो सुधर नहीं पाए और निजी अस्पतालों पर स्वास्थ्य का अधिकार का पाठ पढ़ाया जा रहा है। जबकि खुद स्वास्थ्य का अधिकार देने में कोसों दूर हैं ऐसा ही मामला दौसा जिला मुख्यालय का है।
कहने को तो सरकार ने स्वास्थ्य का अधिकार के तहत लाकर सबके स्वास्थ्य का ध्यान रखा जा रहा है लेकिन निजी अस्पताल पर राइट टू हेल्थ बिल थोपा जा रहा है जबकि चिकित्सा मंत्री परसादी लाल मीणा के खुद के सरकारी अस्पतालों के हालात बद से बदतर हैं और मरीज चिकित्सा मंत्री को और चिकित्सकों को कोसते नजर आते हैं दोसा जिला का सबसे बड़ा रामकरण जोशी जिला चिकित्सालय के हालात तो बद से बदतर हैं और स्वास्थ्य सेवाएं बेपटरी पर पहुंच गई है। जिला अस्पताल में रविवार के दिन एकमात्र चिकित्सक ओपीडी में नजर आई जबकि चिकित्सकों की लंबी फौज होने के बावजूद भी अन्य कोई चिकित्सक अपने चेंबर में नहीं आए इतना ही नहीं उनके चेंबर पर तो ताले भी नहीं खुले यहां तक कि खुद प्रमुख चिकित्सा अधिकारी के भी चेंबर के गेट बंद है ऐसे में सैकड़ों की संख्या में मरीज चिकित्सकों का इंतजार करते रहे और बिना इलाज ही लॉट गए। वही करीब 10:00 बजे तो चिकित्सकों की सूचना सूचना पट पर लगाई गई है कि कौन सा चिकित्सक है कौन सा चिकित्सक नहीं है जो है वह भी नहीं आए और अपने घर पर मरीजों को देख रहे हैं हालांकि यह ऐसा पहला बार नहीं है अधिकांश कुछ चिकित्सक तो अस्पताल में यदा-कदा ही आते हैं। ऐसे में सरकार राइट टू हेल्थ बिल की बंदरबांट खुद के विभाग में हो रही है और लोगों को स्वास्थ्य का अधिकार नहीं मिल पा रहा है। ऐसे में निजी अस्पतालों पर आरटीएच कितना सही होगा यह बड़ी बात है। दूरदराज से आए मरीज बिना इलाज के ही लौट रहे हैं लोगों का कहना है कि जांच भी बहुत देर से मिलती है ऐसे में इलाज शुरू होने में काफी देर हो जाती है जिसके चलते उन्हें स्वास्थ्य लाभ और उचित समय पर इलाज नहीं मिल पा रहा है आखिर जिला अस्पताल के हालात कब सुधरेंगे और कब स्वास्थ्य सेवाएं पटरी पर आएगी क्या सरकारी महकमे में भी लोगों को स्वास्थ्य का अधिकार नहीं मिलेगा यह देखने वाली बात है।