टैक्स बार एसोसिएशन कोटा की ओर से हाईकोर्ट ट्रिब्यूनल का मॉक ड्रिल किया
कोटा। टैक्स बार एसोसिएशन कोटा द्वारा आयोजित समाज और राष्ट्र को समर्पित पखवाड़ा उत्सवम् के तहत मंगलवार को हाईकोर्ट ट्रिब्यूनल की मॉक ड्रिल की गई, जिसमें इनकम टैक्स और जीएसटी के मुकदमों की सुनवाई की गई और फैसलें सुरक्षित रखे गए।
टैक्स बार एसोसिएशन कोटा के अध्यक्ष सीए देवेंद्र कटारिया व सीए सुमित सचिव सुमित चित्तौड़ा ने बताया कि पहले सत्र में इनकम टैक्स की ट्रिपल बेंच में वरिष्ठ सीए सी.एम. बिरला, सीए बी. वी. माहेश्वरी व सीए पी खंडेलवाल की बेंच ने सुनवाई की, जिसमें अधिवक्ता कुशल सोनी और विभाग की तरफ से अधिवक्ता एम. एम. शर्मा ने जोरदार बहस की और सर्वे के दौरान जो गलतियां कर अधिकारियों ने की उस पर ट्रिब्यूनल ने सर्वसम्मति से करदाता को राहत प्रदान की।
उत्सवम संयोजक एडवोकेट राजकुमार विजय और चार्टर्ड अकाउंटेंट सीए लोकेश माहेश्वरी ने बताया कि जीएसटी के लिए वरिष्ठ एडवोकेट गोपाल जैन, सीए नीरज जैन और सीए मिलिंद विजयवर्गीय की ट्रिपल बेंच में सुनवाई हुई, जिसमें अधिवक्ता सीए देवेंद्र कटारिया और विभाग की विभागीय अधिवक्ता ने अपना पक्ष रखा और कर अधिकारियों की गलती की वजह से ट्रिब्यूनल ने विभाग को फटकार लगाते हुए करदाता को तुरंत रिफंड जारी करने के दिशा निर्देश जारी किए।
मुख्य अतिथि मोदी गु्रप ऑफ एजुकेशन के वाइस चेयरमैन सुशील मोदी ने कहा कि टैक्स बार एसोसिएशन कोटा के द्वारा पहली बार मूट कोर्ट के माध्यम से हाईकोर्ट ट्रिब्यूनल की मॉक ड्रिल की गई, जिसमें बड़ी संख्या में कोटा के कर विशेषज्ञों ने भाग लिया। विशिष्ट अतिथि मोदी लॉ कॉलेज की प्रिंसिपल डॉक्टर शिप्रा गुप्ता ने सभी आए हुए कर विशेषज्ञों का अभिनंदन किया और उन्होंने कहा कि कोटा में इस तरह का आयोजन होना लॉ स्टूडेंट्स के लिए एक बहुत ही महत्वपूर्ण कदम है। उक्त आयोजन मोदी लॉ कॉलेज के मूट कोर्ट परिसर में आयोजित हुआ, जिसमें प्रमुख रूप से पूर्व अध्यक्ष सी एम बिरला, एडवोकेट गोपाल जैन, एम एम शर्मा, बी. वी. माहेश्वरी, पी खंडेलवाल, राकेश जैन, सीए नीरज जैन, सीए मिलिंद विजयवर्गीय, एडवोकेट राजकुमार विजय, ओम बड़ोदिया, राज ठाकुर, वरिष्ठ सदस्य बी एल भोजवानी, एम डी सोनी, सुरेश काबरा, जय कुमार जैन, सुधीर नारायण त्रिपाठी, ललित माहेश्वरी, प्रोग्राम कोऑर्डिनेटर आर पी विजय, आशीष जैन बागड़ा, अर्पित जैन, नीतू नाटाणी व अतिशय जैन के बेहतरीन समन्वय से मूट कोर्ट का सफल आयोजन हुआ।