आधुनिक निगरानी उपकरण अवैध खनन के विरुद्ध चौकसी तंत्रा को सक्षम करेंगे-जिला कलक्टर
धौलपुर । अवैध बजरी खनन से हो रहे चम्बल की जैव विविधिता की क्षति को कम करने हेतु राष्ट्रीय हरित अधिकरण (एनजीटी) को जिले की कार्य योजना के बारे में उत्तरित करने हेतु शुक्रवार को जिला कलक्टर अनिल कुमार अग्रवाल की अध्यक्षता में बैठक आयोजित की गई। जिला कलक्टर ने कहा कि एनजीटी के दिशानिर्देशों के अनुसार जिले में अब तक की गई कार्यवाही का रिकॉर्ड सभी जिम्मेदार विभाग अद्यतित रखें। उन्होंने कहा कि वन, परिवहन, खनन एवं पुलिस साथ मिलकर कार्य करें और अवैध खनन में प्रयुक्त वाहनों के विरूद्ध कार्यवाही करें एवं इसका डेटा व्यवस्थित रखें जिसमें तारीख, वाहन नम्बर, वाहन मालिक का नाम, चालक का नाम, खनिज की मात्रा, की गई कार्यवाही का विवरण होना चाहिए। उन्होंने अवैध खनन में लिप्त व्यक्तियों के लिए वैकल्पिक रोजगार की संभावनाओं पर विचार करने के निर्देश दिये। उन्होंने पुलिस विभाग को अवैध हथियार रखने वाले एवं अवैध बजरी खनन में लिप्त लोगों का डाटा एकत्रित कर कार्यवाही करने के निर्देश दिये। जिला कलक्टर ने खनन विभाग एवं चम्बल अभ्यारण्य के प्रतिनिधियों को निर्देश दिये कि वे अवैध खनन पर निगरानी हेतु आवश्यक उपकरण क्रय करने के प्रस्ताव संबंधित विभाग को भेजें। इस उद्देश्य हेतु बोट, ड्रान, ड्रैगन लाइट्स इत्यादि के प्रस्ताव भेजने के निर्देश दिये। जिला कलक्टर ने कहा कि ये उपकरण बाढ़ जैसी आपात स्थितियों में राहत एवं बचाव कार्य में एक तीर से दो निशान की तरह उपयोगी सिद्ध हो सकते हैं। जिला कलक्टर ने कहा कि निगरानी उपकरण अवैध खनन के विरुद्ध चौकसी तंत्रा को सक्षम करेंगे।
बैठक में जिला पुलिस अधीक्षक मनोज कुमार, सीईओ जिला परिषद सुदर्शन सिंह तौमर, एडीएम राजकुमार कस्वां, डीसीएफ चम्बल अनिल यादव, एमई मुकेश सहित अन्य अधिकारीगण उपस्थित रहे।