चाइल्ड पोनोग्राफी वीडियों शेयर करने वाले तीन जनों पर पुलिस केस दर्ज
बीकानेर। चाइल्ड पोनोग्राफी के मामले में जय नारायण व्यास कॉलोनी थाना पुलिस ने तीन जनों के खिलाफ अलग अलग मामले दर्ज कर तीनों नामजदा आरोपियों को डिटेन करने के प्रयास शुरू कर दिये है। थाना पुलिस ने यह मामले एनसीआरबी की रिपोर्ट के आधार पर दर्ज किये है। सीआई व्यास कॉलोनी महावीर प्रसाद ने यह जानकारी देते हुए बताया कि एनसीआरबी की रिपोर्ट के मुताबिक उदासर निवासी रामलाल, उदासर निवासी राजेश भाटी और वृंदावन कॉलोनी निवासी योगेश टाक ने अपने मोबाइल के सोशल मीडिया प्लेटफार्म पर चाइल्ड पोर्न वीडियो अपलोड और शेयर कर रहे थे। एनसीआरबी नई दिल्ली इन्हे चिन्हित कर साइबर टिपलाइन रिपोर्ट राजस्थान एटीएस को भेजी थी। सीआई ने बताया कि तीनों आरोपियों को जल्द ही डिटेन कर इन्हे सलाखों के पीछे पहुंचा दिया जायेगा। जानकारी में रहे कि बीकानेर में चाइल्ड पोनोग्राफी अब तक दो दर्जन से ज्यादा मामले दर्ज हो चुके है। इन मामलो के कई आरोपी गिरफ्त में भी आ चुके है। जबकि कई मामलों के आरोपियों की तलाश जारी है।
एनसीआरबी करती है डिटेनजानकारी के अनुसार एनसीआरबी नई दिल्ली चाइल्ड पोनोग्राफी वीडियों डाउनलोड और शेयर करने वालों को चिन्हित कर साइबर टिपलाइन रिपोर्ट करता है । जांच के बाद मामले को राजस्थान एटीएस को भेजा जाता। एटीएस के अधिकारी संबंधित एसपी को आरोपी के संबंध में रिपोर्ट भेजते हैंं। फिर एसपी के जरिए आरोपी द्वारा किए गए अपराध की रिपोर्ट संबंधित थाने में दर्ज करवाई जाती है। एनसीआरबी पुलिस को वीडियो भी उपलब्ध करवाती है। साइबर एक्सपर्टो के अनुसार आपने अपने मोबाइल में क्या सर्च किया और क्या देखा, इसकी रिपोर्ट एनसीआरबी के पास होती है। एनसीआरबी तमाम सबूत और वीडियो भी पुलिस को उपलब्ध करवाती हैै। ऐसे में चाइल्ड पॉर्न सर्च करने, देखने, डाउनलोड करने और शेयर करने वाले लोग एनसीआरबी से बच नहीं सकते ।