जांगिड़ ब्राह्मण समाज का राजनीतिक व सामाजिक चेतना शिविर संपन्न
- समाज के सर्वांगीण विकास हेतु उच्च शिक्षा के साथ राजनीतिक भागीदारी जरूरी - भंवरलाल सूठोठ
सीकर। बद्री विहार सीकर में आज जांगिड़ ब्राह्मण समाज का राजनीतिक व सामाजिक चेतना शिविर हरीराम सनवाली, पुर्व अध्यक्ष जांगिड़ छात्रावास सीकर की अध्यक्षता व सांवरमल चोयल राष्ट्रीय महामंत्री अखिल भारतीय जांगिड़ ब्राह्मण महासभा दिल्ली के मुख्य आतिथ्य में संपन्न हुआ। इस दौरान हरिनारायण राजोतिया जिलाध्यक्ष जांगिड़ ब्राह्मण समाज सीकर, बनवारी खंडेलसर अध्यक्ष श्री विश्वकर्मा कल्याण समिति, भामाशाह किशनलाल गांगियासर व कमला जांगिड़ जिलाध्यक्ष महिला प्रकोष्ठ बतौर विशिष्ट अतिथि उपस्थित रहे। कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों द्वारा भगवान विश्वकर्मा के फोटो पर दीप प्रज्वलन व आरती से हुआ।मुख्य वक्ता भंवरलाल सूठोठ प्रदेशाध्यक्ष श्री विश्वकर्मा चेतना मंच ने सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि समाज के सर्वांगीण विकास के लिए बालिका शिक्षा व उच्च शिक्षा के अवसर बढ़ाने के साथ ही सामाजिक व आर्थिक सुरक्षा के लिए राजनीतिक हस्तक्षेप आवश्यक है। संगठन से ही राजनीतिक दलों में हमारी भागीदारी सुनिश्चित की जा सकती है। उन्होंने कहा कि राजनीतिक व सामाजिक चेतना के लिए शहर व गांव-ढाणियों में टीमें गठित की जाएगी व राष्ट्र निर्माण में जांगिड़ ब्राह्मण समाज की सकारात्मक भूमिका निर्वहन का संकल्प भी लिया जाएगा।शिविर में बाबूलाल पालड़ी पुर्व प्राचार्य, बजरंग बसावा जिला परिषद सदस्य झुंझुनू, विश्वनाथ पनलावा, परमेश्वर सिंहासन, महावीर योग गुरू, राधेश्याम मांडण, चौथमल ठेकेदार, रामदेव चिराणा आदि ने विचार प्रस्तुत किए। प्रवक्ता कन्हैयालाल ने बताया कि सम्मेलन में जांगिड़ ब्राह्मण समाज की बालिकाओं की तकनीकी व उच्च शिक्षा के लिए सीकर हेड क्वार्टर पर श्री विश्वकर्मा बालिका एजुकेशन व रिसर्च सेंटर के लिए भूखंड आवंटन, श्री विश्वकर्मा काष्ठ कला बोर्ड का गठन, ओबीसी आरक्षण सीमा को बढाने एवं आरा मशीन लाइसेंस नवीनीकरण की प्रक्रिया को सरल बनाने संबंधित प्रस्ताव पारित किए गए। इस दौरान भंवरलाल चोयल, मंगल बधानिया, बोदूराम दिनारपुरा, ओमप्रकाश गोकुलपुरा, केदार खाटू, सुनील पंवार, भींवाराम कोलीड़ा, सांवरमल लदोया, राजकुमार चोयल, जितेन्द्र उबाणा, मदनलाल चक, श्रीकिशन शेषम, शिवदयाल खोखा सहित बड़ी संख्या में कार्यकर्ता व पदाधिकारी उपस्थित रहे। शिविर का संचालन सुरेश कुमार ने किया।