‘आर्थिक परिवर्तन’ का रोडमैप : पीएम मोदी ने बजट 2026-27 की सराहना की
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बजट 2026-27 में एमएसएमई और छोटे उद्योगों पर विशेष फोकस
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युवाओं के लिए स्किलिंग और रोजगार की नई पहल
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आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर, स्वास्थ्य और शिक्षा को प्राथमिकता
नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने केंद्रीय बजट 2026-27 को देश के ‘आर्थिक परिवर्तन’ का रोडमैप करार दिया है। गुरुवार को लोकसभा में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा पेश बजट की सराहना करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि यह दस्तावेज सुधारों और विकास की नई दिशा तय करता है।
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर प्रधानमंत्री ने लिखा कि बजट में रिफॉर्म एक्सप्रेस, लघु एवं मध्यम उद्यमों को समर्थन, कौशल विकास, अगली पीढ़ी के बुनियादी ढांचे, स्वास्थ्य और शिक्षा को बढ़ावा देने जैसे अहम बिंदुओं पर विस्तार से चर्चा की गई है। उन्होंने विश्वास जताया कि यह बजट देश की अर्थव्यवस्था को नई ऊंचाई देगा।
एमएसएमई पर विशेष जोर
सरकार ने सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्योगों (एमएसएमई) को बजट का प्रमुख आधार बनाया है। ये उद्योग देश की जीडीपी में लगभग 30 प्रतिशत योगदान देते हैं और 11 करोड़ से अधिक लोगों को रोजगार प्रदान करते हैं। वित्त मंत्री ने कर्ज सुविधा बढ़ाने, नियमों को सरल बनाने और लक्षित प्रोत्साहन देने की घोषणा की है, ताकि छोटे उद्योग वैश्विक सप्लाई चेन से जुड़ सकें।
युवाओं के लिए स्किलिंग और रोजगार
बजट में कौशल विकास को भी प्राथमिकता दी गई है। ग्रीन एनर्जी, एडवांस्ड मैन्युफैक्चरिंग और डिजिटल टेक्नोलॉजी जैसे क्षेत्रों में युवाओं को प्रशिक्षित करने की योजना है। उद्योग और शिक्षण संस्थानों के बीच साझेदारी को मजबूत कर रोजगार के अवसर बढ़ाने पर जोर दिया गया है।
इंफ्रास्ट्रक्चर, स्वास्थ्य और शिक्षा में निवेश
सरकार ने डिजिटल कनेक्टिविटी, नवीकरणीय ऊर्जा कॉरिडोर, लॉजिस्टिक्स नेटवर्क और शहरी विकास परियोजनाओं में निवेश बढ़ाने का प्रस्ताव रखा है। साथ ही स्वास्थ्य और शिक्षा के लिए बजट आवंटन बढ़ाने और दूरदराज क्षेत्रों तक सुविधाएं पहुंचाने की योजना भी शामिल है।
विशेषज्ञों का मानना है कि वैश्विक अनिश्चितताओं के बीच यह बजट भारत की विकास गति को बनाए रखने और वित्तीय अनुशासन के साथ आगे बढ़ने की रणनीति को दर्शाता है।