सरपंच की गिरफ्तारी के विरुद्ध किसानों में आक्रोश , एसडीएम व पुलिस थाने का किया घेराव
पदमपुर पूर्व सरपंच की गिरफ्तारी के विरोध में क्रांतिकारी किसानों ने कड़ शब्दों में निंदा करते हुए गुरुद्वारा सिंह सभा से पुलिस थाना व एसडीएम कार्यालय तक पुलिस के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और भाजपा को हिटलर शाही बताते हुए अवैध रूप से आंदोलनकारी किसानो को परेशान करने का लगाया गंभीर आरोप , पुलिस थाना में किया प्रदर्शन । मंगलवार को गुरुद्वारा सिंह सभा में ग्रामीण किसान मजदूर समिति व कांग्रेस एवं माकपा के सौ से अधिक आंदोलनकारी किसानों ने पुलिस विभाग पर गंभीर आरोप लगाते हुए भाजपा के संरक्षण मेंकार्य करने का गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि2018 सीसी हैड पर किसानों पर हुए लाठी चार्ज के दौरान पुलिस द्वारा किसानों के खिलाफ किए गए झूठे मुकदमो में 27 अप्रैल सुबह पूर्व सरपंच जसपाल सिंह 12 बीबी को पुलिस द्वारा गिरफ्तार कर लिया गया । संयोजक रणजीत सिंह राजू ने पुलिस की कार्यशैली पर आरोप लगाया कि जसपाल सिंह काफी दिनों से अस्वस्थ है किंतु दुर्भाग्यपूर्ण बात है उसे सत्ताधारियों के इशारे पर गिरफ्तार करने की पक्रिया अनुचित थी । कामरेड गुरचरण सिंह मोड़ , अतमैन्द्र सिंह क्रांति, रविंद्र तरखान ,, गंग नहर के चेयरमैन हरविंदर सिंह गिल , कांग्रेस नेता राकेश शर्मा ,सरपंच बूटा सिंह , फूलचंद मिगलानी सहित अन्य आकर्षित आंदोलनकारी व क्रांतिकारी किसानों ने उन्हें गिरफ्तार से डर नहीं लगता परन्तु दुख की बात है सता का नशा कभी लम्बे समय तक नही रहता राज कभी एक जेसे नही रहते पहले पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे सिंधिया के शासनकाल में सीसी हैड पर जायज मांग को लेकर शांतिपुर्वक कर रहे आंदोलनकारी किसानों पर लाठी चार्ज किया और फिर झूठे मुकदमे दर्ज कर किसानों को परेशान किया जा रहा है । पर किसान सत्ताधारियों के आगे किसी भी सूरत में दबने व झुकने वाले नहीं है वक्त पर माकुल जबाब दिया जायेगा । किसानों का आरोप था कि क्षेत्र में नशे का कारोबार बड़े पैमाने पर अपना घर बन चुका है ' यदि पुलिस इस और तुरन्त प्रभाव से ध्यान केंद्रित ना किया तो पंजाब जेसे हालत कभी भी बन सकते है जिसके गंभीर परिणाम आने वाले युवा पीढ़ी को भुगतने पड़ सकते हैं ! किसानो के बढते आक्रोश व माफी मांगने को लेकर मामला काफी गरमा गया तो पुलिस ने अपनी कार्यशैली में बदलाव लाने व भविष्य में शिकायत ना मिलने की बात करने पर आंदोलनकारीयो ने अपना रुख एसडीएम कार्यालय की और कर रोष निकलते हुए वहा एसडीएम की अनुपस्थिति में प्रदर्शन किया व सरकारी सिस्टम की लचर व्यवस्था के खिलाफ आक्रोश जताया और हुए धान मंडी में बदहाल व्यवस्था के कारण किसानों को करना पड़ रहा है भारी परेशानियों का सामना गेहूं का उठाव धीमी गति से हो रहा है, मौसम की मार किसानों की सांसे थमी हुई है । किंतु चिंता का विषय है कि प्रशासन का इस और ध्यान नही होने के कारण अन्य अव्यवस्थाओ से किसानो को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है ।सुखबीर सिंह फौजी लखविंदर सिंह रिशपाल सिंह मक्कासर , जसवीर सिंह 9 डीडी , सुखविंदर सिंह सुखी सहित किसानो ने कहा ओलावृष्टि से बर्बाद हुई फसलों का अब तक किसानों को मुआवजा ना मिलना अत्यंत का विषय बना हुआ है । प्लस फोटो सहित प्रमुखता से लगाए ।