सवाई माधोपुर: मुख्यमंत्री मंगला पशु बीमा योजनाः पशुधन के लिए आर्थिक सुरक्षा कवच सवाई माधोपुर में ग्रामीण सेवा शिविरों के दौरान अब तक 2,536 पशु बीमा पॉलिसी वितरित
8200 पशुओं का घर-घर जाकर टीकाकरण ग्रामीण सेवा शिविर में उगन्ति देवी को मिली पशु बीमा पॉलिसी
सवाई माधोपुर। सवाई माधोपुर में आयोजित ग्रामीण सेवा शिविरों के दौरान पशुपालन विभाग ने मुख्यमंत्री मंगला पशु बीमा योजना अन्तर्गत पशु पालकों को अब तक 2,536 बीमा पॉलिसी का वितरण किया है। विभाग के कार्मिकों ने घर-घर जाकर करीब 8,200 पशुओं का टीकाकरण किया है। लाभार्थियों ने राज्य सरकार की इस योजना का निःशुल्क लाभ मिलने पर मुख्यमंत्री श्री भजन लाल शर्मा का आभार व्यक्त किया है। सवाई माधोपुर की बपूई ग्राम पंचायत निवासी उगन्ति देवी परिवार की अतिरिक्त आय के लिए भैंस पालती है। अपनी छोटी सी जोत के कारण वह और उसका पति खेती पर निर्भर नहीं रह सकते। किसी भी पशु की मृत्यु उसके परिवार की आर्थिक स्थिति को परेशानी में डाल देती है, लेकिन मुख्यमंत्री श्री भजन लाल शर्मा की दूरगामी सोच से राज्यभर में 17 सितम्बर से संचालित ग्रामीण सेवा शिविर अभियान में उगन्ति देवी को 2 भैंसों के। लिए पशु बीमा कवर का लाभ दिया गया है। शिविर से पहले सूचियां तैयार पशुपालन विभाग के कार्मिक बपूई के भारत निर्माण राजीव गांधी सेवा केन्द्र में आयोजित शिविर से पहले ही उगन्ति देवी समेत ग्राम पंचायत के प्रत्येक घर पहुंचे तथा उन्होंने विभिन्न योजनाओं के लिए पात्र परिवारों की अलग अलग सूचियां बनाई। पशुपालकों को समझाया कि मुख्यमंत्री मंगला पशु बीमा योजना में बीमित गाय, भैंस और ऊंट का 40 हजार रूपये तथा बकरी और भेड़ का 4 हजार रूपये का 1 वर्ष अवधि के लिए निःशुल्क बीमा किया जाता है। जिला कलक्टर के हाथों मिली बीमा पॉलिसी वर्तमान में संचालित ग्रामीण सेवा शिविर में पशुपालन विभाग ने निःशुल्क बीमा पॉलिसी तैयार कर पात्र परिवारों को वितरित की। उगन्ती देवी को जिला कलक्टर काना राम के हाथों से बीमा पॉलिसी दी गई, जिस पर वह बेहद खुश नजर आई। बीमा पॉलिसी मिलने से उगन्ती देवी के पशु आकस्मिक मृत्यु होने पर नियमानुसार आर्थिक संबल मिल सकेगा। राजस्थान सरकार के इस कार्यक्रम के तहत पशु पालकों को आर्थिक सुरक्षा कवच एवं पशुधन की गारंटी प्राप्त हुई है। शनिवार को बुपई के शिविर में 82 और लाखनपुर में 56 पशु बीमा पॉलिसी वितरित की। पशु पालन विभाग की उपलब्धियां जिले में इस अवधि में पशु पालन विभाग ने कुल 7,969 रोगी पशुओं को चिकित्सा सुविधा दी है। साथ ही, कुल 8,200 एफ.एम.डी. रोग प्रतिरोधक टीके लगाए गए हैं और 12,257 कृमिनाशक औषधि पिलाई गई है। कुल 9,252 पशुपालको को विभिन्न योजनाओं से लाभान्वित किया गया है। विभाग ने पशुओं को विभिन्न बीमारियों से बचाने के लिए 9,376 स्थानों पर दवा का छिडकाव भी करवाया है।