सवाई माधोपुर: जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव समीक्षा गौतम ने बाल वाहिनियों का किया निरीक्षण
सवाई माधोपुर। राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण (राजस्थान उच्च न्यायालय) एवं अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण सवाई माधोपुर के निर्देशानुसार जिला विधिक सेवा प्राधिकरण सवाई माधोपुर की सचिव समीक्षा गौतम द्वारा मंगलवार को स्कूलों में संचालित बाल वाहिनियों का औचक निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान यातायात निरीक्षक राकेश शर्मा, सहायक उप निरीक्षक मथुरालाल, मोटर व्हीकल इंस्पेक्टर कल्याण आदि उपस्थित रहे। निरीक्षण दल द्वारा बाल वाहिनियों के चालकों को समझाया गया कि बाल वाहिनियों का रंग पीला होना आवश्यक है, साथ ही उन पर स्कूल का नाम, पता, फोन नंबर, वाहन चालक व सहायक का नाम आदि अंकित होना आवश्यक है। बाल वाहिनियों के चालक के पास वैध लाईसेंस होना आवश्यक है, साथ ही उसके पास वाहन चलाने का न्यूनतम 5 वर्ष का अनुभव हो। बाल वाहिनियों में बच्चों की सुरक्षा के लिए आपातकालीन निकास, प्राथमिक चिकित्सा किट, अग्निशमन यंत्र, जीपीएस इत्यादि होना एवं चालकों का नियमित स्वास्थ्य परीक्षण होना आवश्यक है। निजी स्कूल संचालक और बाल वाहिनी चालक सिर्फ मुनाफे की चाह में बच्चों की सुरक्षा को ताक पर रख रहे है। बच्चों को स्कूल बसों एवं वैनों में ठूंस-ठूंसकर भरा जा रहा है। स्कूल बाल वाहिनियां यातायात नियमों का खुलेआम उल्लंघन कर रही है। बिना फिटनेस, बिना परमिट की ओवरलोडिंग बाल वाहिनियां सड़कों पर धड़ल्ले से दौड़ रही है। बच्चों की सुरक्षा का कोई इंतजाम नहीं है, जिससे अभिभावक रोज डर के साये में जी रहे है। निरीक्षण के दौरान वाहनों की वास्तविक स्थिति निर्धारित मापदण्डों के विपरीत पाई गई। वाहनों में निर्धारित क्षमता से अधिक बच्चों को बैठा रखा था, कई बच्चें खडें हुए पायें गये। एक बाल वाहिनी का फिटनेस, परमिट एवं बीमा नहीं होना पाया गया। मौके पर ही उस बाल वाहिनी को सीज किया गया। साथ ही यातायात नियमों का पालन नहीं करने वाली कई बाल वाहिनियों के चालान की कार्रवाई की गई।