खाजूवाला कांड में सनसनीखेज खुलासा,वहशीपन से गैंगरेप के कारण हुई छात्रा मौत
बीकानेर। खाजूवाला कांड को लेकर अब सनसनीखेज खुलासा हुआ है । जानकारी के अनुसार इस पीडि़ता की लाश का मेडिकल मुआयना करने वाली टीम के डॉक्टर्स का कहना है कि वहशीपन से गैंगरेप के कारण ज्यादा रक्तस्त्राव से छात्रा की मौत हुई थी। ऐसे में संभावना जताई जा रही है कि आरोपी जबरदस्त नशे की हालत में थे । इस बीच घटना के मुख्य आरोपी दिनेश विश्रोई और कांस्टेबल मनोज का सीसीटीवी फुटैज भी सामने आया है जिसमें दोनों जने पीडि़त युवति को एक सफेद रंग कार में खाजूवाला के सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र में स्टैक्चर पर लेटाते हुए नजर आ रहे है,फिर कार में सवार होकर भाग जाते है। इस शर्मनाक घटना को लेकर लगातार हो रहे संगीन खुलासों से खाजूवाला में माहौल लगातार गर्माता जा रहा है। घटना को लेकर ताजा अपडेट यह सामने आया है कि एसपी तेजस्वनी गौतम ने आरोपी कांस्टेबल मनोज को बर्खास्त कर दिया है,वहीं मुख्य आरोपी दिनेश विश्रोई की गिरफ्तारी पर पच्चीस हजार का ईनाम घोषित कर उसे पकडऩे के लिये चार विशेष टीमों को लगाया गया है। इस बीच डिविजनल कमिश्रर नीरज के पवन और आईजी ओमप्रकाश भी खाजूवाला पहुंच गये है। एसपी तेजस्वनी गौतम और एएसपी ग्रामीण दीपक शर्मा समेत जिला पुलिस के कई अधिकारी पहले से खाजूवाला में डेरा डाले बैठे है। खाजूवाला को दहला देने वाली इस घटना की जांच के लिये प्रदेश भाजपा नेताओं की एक टीम भी शुक्रवार सुबह खाजूवाला पहुंच गई। टीम में शामिल पार्टी विधायक अनिता भदेल,जोधपुर मेयर विनीता सेठ,भाजपा अनुसूचित मोर्चा अध्यक्ष कैलाश मेघवाल के साथ पूर्व संसदीय सचिव डॉ.विश्वनाथ मेघवाल,देहात भाजपा अध्यक्ष जालम ङ्क्षसह भाटी ने पीडि़त परिवार के लोगों से बातचीत कर घटना के बारे में जानकारी ली। इधर पीडि़त परिवार और ग्रामीणों का खाजूवाला सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र के बाहर धरना प्रदर्शन लगातार जारी है। हालात संवेदनशील होने के कारण मौके पर अतिरिक्त पुलिस जाब्ता तैनात किया गया है,एतिहात के तौर पर सशस्त्र जवान भी तैनात किये गये है। घटना के विरोध में शुक्रवार को कस्बे में दुकानें और प्रतिष्ठान बंद रहे।
-दुर्गन्ध मारने लगा शव
जानकारी के अनुसार घटना के चार दिन बाद भी खाजूवाला सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र की मोर्चरी में रखे मृतका के शव से अब दुर्गन्ध आने लगी है,चिकित्सकों का मानना है कि भीषण गर्मी और उमस के दौर में अगर शव का जल्द निस्तारण नहीं किया तो शव के सडऩे से इंकार नहीं किया जा सकता है। ऐसे में प्रशासन और पुलिस की परेशानी भी बढऩे लगी है। प्रशासन और पुलिस अधिकारियों ने मृतका के परिजन और ग्रामीणों को समझाइस के लिये अपनी ताकत झोंक रखी है लेकिन उन्होने साफ तौर पर आगाह कर दिया है कि आरोपियों के गिरफ्तार नहीं होने तक धरने से नहीं उठेगें। मामला सियासी तूल पकड़ चुका है इसलिये प्रशासन और पुलिस सख्ती बरतने से घबरा रहे है। ऐसे में संभावना है कि पुलिस देर शाम तक हिरासत में लिये गये दोनों कांस्टेबलों मनोज और भागीरथ को गिरफ्तार कर सकती है।
-रोगियों को भोगनी पड़ रही परेशानी
खाजूवाला में हुए इस शर्मनाक घटना का एक दुखदायी पहलू यह भी सामने आया है कि कस्बे के सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र के बाहर चल रहे धरने प्रदर्शन और भारी पुलिस तैनाती की पीड़ा स्वास्थ्य केन्द्र के रोगियों को भुगतनी पड़ रही है। जानकारी के अनुसार सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र की ओपीड़ी में रोजाना करीब पचास साठ रोगी आते है,लेकिन पिछले चार दिन से स्वास्थ्य केन्द्र में चार पांच रोगी ही आ रहे है। ग्रामीणों ने बताया कि घटना के बाद गरमाये माहौल के बाद धरने प्रदर्शन का केन्द्र बने स्वास्थ्य केन्द्र चिकित्सा सेवाएं बाधित होने से रोगियों को इलाज के लिये परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
फोटों नंबर तीन............
-केबिनेट मंत्री गोविन्दराम मेघवाल उठने लगे सवाल
बीकानेर। खाजूवाला कांड को लेकर लगातार गरमाते जा रहे सियासी माहौल के बीच भाजपा के प्रदेश महामंत्री एवं विधायक मदन दिलावर ने खाजूवाला विधायक केबिनेट मंत्री गोविन्दराम मेघवाल की चुप्पी पर सवाल उठाते हुए कहा कि मंत्री मेघवाल का मुंह किसी ने सिल दिया है,वह अपने विधानसभा क्षेत्र में हुए इस शर्मनाक कांड पर कुछ बोल क्यों नहीं रहे है। दिलावर ने कहा कि खाजूवाला कस्बा पिछले चार दिनों से भडक़े जनाक्रोश की आग में झुलस रहा है फिर भी पुलिस ने अभी तक कोई कार्रवाई नहीं की। इस घटना में पुलिस के अलावा और भी अपराधी हैं । इससे पहले गुरूवार को सीकर में आयोजित भाजपा के जन संवाद कार्यक्रम में यूपी से बीजेपी राज्यसभा सांसद सुरेंद्र सिंह नागर ने खाजूवाला कांड को लेकर गहलोत सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि अगर ऐसी घटना हमारे उत्तर प्रदेश में होती तो बुलडोजर चला गया होता। उन्होंने कहा कि खाजूवाला जैसी शर्मनाक घटना कोई नहीं हो सकती। उन्होंने कहा कि कितनी शर्मनाक बात है कि एक दलित समाज की बेटी के साथ रेप होता है और उसकी हत्या कर दी जाती है। बेटी के परिजन 15 दिन से पुलिस से शिकायत कर रहे थे,लेकिन पुलिस वालों ने उसकी कोई मदद नहीं की।
-झगड़ेबाजी की घटना से डाला आग में घी
इस बीच गुरूवार की देर शाम खाजूवाला सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र के बाहर मृतका के परिजनों और ग्रामीणों की ओर से दिये जा रहे धरने में शामिल युवक अबरार रोशन पुत्र रोशन खां पर कुछ युवकों ने हमला कर दिया। इस घटना ने खाजूवाला में भडक़े माहौल की आग में घी डालने का काम किया और मामला ज्यादा गरमा गया है । हालातों को भांप कर कस्बे में पुलिस ने भारी जाब्ता तैनात कर संवदेनशील इलाकों की निगरानी बढ़ा दी है।