वैभव की ऐतिहासिक पारी से भारत बना चैंपियन, भावुक हुए कप्तान आयुष
हरारे। हरारे में खेले गए अंडर-19 वर्ल्ड कप 2026 के फाइनल मुकाबले में भारत ने दमदार प्रदर्शन करते हुए इंग्लैंड को हराकर खिताब जीत लिया। इस ऐतिहासिक जीत के हीरो रहे सलामी बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी, जिन्होंने तूफानी अंदाज में 175 रन बनाकर टीम को मजबूत स्थिति में पहुंचाया।
महज 14 साल की उम्र में वैभव ने जिस आत्मविश्वास और तकनीक के साथ बल्लेबाजी की, उसने सभी को प्रभावित किया। उन्होंने 80 गेंदों में 15 चौके और 15 छक्के लगाते हुए यह शानदार पारी खेली। इस दौरान उन्होंने कप्तान आयुष म्हात्रे के साथ 142 रन और वेदांत त्रिवेदी के साथ 89 रन की अहम साझेदारी की।
मैच के बाद कप्तान आयुष म्हात्रे ने वैभव की जमकर तारीफ करते हुए कहा कि उनकी पारी के लिए शब्द कम पड़ जाते हैं। उन्होंने बताया कि टीम को पहले से भरोसा था कि वैभव बड़े मंच पर कुछ खास कर सकते हैं और फाइनल में उन्होंने इसे साबित भी कर दिया।
कप्तान ने खिताबी जीत पर अपनी भावनाएं साझा करते हुए कहा कि यह सफर उनके लिए हमेशा यादगार रहेगा। टीम ने पूरे टूर्नामेंट में तय लक्ष्य के मुताबिक खेल दिखाया और दबाव में भी संतुलन बनाए रखा, जो जीत की सबसे बड़ी वजह बना।
आयुष ने भारतीय क्रिकेट की विरासत का जिक्र करते हुए कहा कि टीम ने रोहित शर्मा और हरमनप्रीत कौर जैसे दिग्गजों की परंपरा को आगे बढ़ाया है। उन्होंने उम्मीद जताई कि भविष्य में भी खिलाड़ी इसी सोच के साथ आगे बढ़ते रहेंगे।
इसके साथ ही कप्तान ने सपोर्ट स्टाफ को भी जीत का बड़ा श्रेय दिया। उन्होंने कहा कि पिछले कई महीनों से कोचिंग स्टाफ और ट्रेनर्स लगातार मेहनत कर रहे थे, जिसका नतीजा मैदान पर देखने को मिला।
फाइनल मुकाबले में भारत ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 9 विकेट पर 411 रन बनाए। जवाब में इंग्लैंड की टीम 40.2 ओवर में 311 रन पर सिमट गई। इस जीत के साथ भारत ने एक बार फिर जूनियर क्रिकेट में अपनी बादशाहत साबित कर दी।