योग आंतरिक और बाह्य अनुशासन सिखाता है - रूपचंदानी
केंद्रीय संचार ब्यूरो की ओर से योग दिवस जागरूकता कार्यक्रम आयोजित
अजमेर. केंद्रीय संचार ब्यूरो, सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय, भारत सरकार के क्षेत्रीय कार्यालय, अजमेर द्वारा बुधवार को माखुपुरा स्थित राजकीय आई.टी.आई. कॉलेज में योग दिवस काउंटडाऊन के अंतर्गत एक विशेष जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम में योग के बारे में विस्तार से जानकारी देते हुए मनीषा
रूपचंदानी ने बताया कि महर्षि पतंजलि ने अपने योग सूत्र की शुरुआत में योग को अनुशासन बताया है। यह अनुशासन आंतरिक और बाह्य दोनों प्रकार का होता है। शरीर, मन, बुद्धि और आत्मा के बीच संतुलन साधने का नाम ही योग है। योग न सिर्फ हमें स्वस्थ और संतुलित रखता है बल्कि यह हमारे जीवन के उच्च लक्ष्यों तक पहुँचाने का मार्ग भी है। इस अवसर पर योगाचार्य आर.के. जैन ने विभिन्न सूक्ष्म व्यायाम, प्राणायाम और योग के विभिन्न प्रकारों का प्रदर्शन करते हुए उपस्थित विद्यार्थियों से उसका
अभ्यास कराया। कार्यक्रम में अपने विचार व्यक्त करते हुए उपप्राचार्य शैलेंद्र माथुर ने कहा कि आज युवा पीढ़ी जिस तनाव से गुजर रही है, उसमें योग की अत्यधिक महत्ता है। इस अवसर पर विद्यार्थियों के लिए मौखिक प्रश्नोत्तर प्रतियोगिता का आयोजन भी किया गया। विजेता विद्यार्थियों को पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया। इस अवसर पर क्षेत्रीय प्रचार अधिकारी पराग मांदले, कॉलेज के उपप्राचार्य शैलेंद्र माथुर, विवेकानंद केंद्र के योगाचार्य आर.के. जैन तथा जीवनव्रती कार्यकर्ता मनीषा रूपचंदानी, नरेंद्र सिंह तोमर, सुनील कटियार आदि उपस्थित थे।