NEET से पहले राहुल के कार्यक्रम पर भाजपा का हमला, सुधांशु त्रिवेदी ने उठाए सवाल
New Dehli : नीट परीक्षा से पहले कोटा में आयोजित होने वाले राहुल गांधी के छात्र कार्यक्रम को लेकर राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता सुधांशु त्रिवेदी ने कांग्रेस और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि परीक्षा से ठीक पहले इस तरह का आयोजन छात्रों के बीच अनावश्यक तनाव और भ्रम पैदा कर सकता है।
नई दिल्ली स्थित भाजपा मुख्यालय में मीडिया से बातचीत के दौरान त्रिवेदी ने कहा कि कुछ ही दिनों बाद नीट परीक्षा आयोजित होने वाली है और लाखों छात्र उसकी तैयारी में जुटे हैं। ऐसे समय में छात्रों को अपनी पढ़ाई और परीक्षा पर पूरा ध्यान देना चाहिए, लेकिन राजनीतिक कार्यक्रमों के जरिए उनका ध्यान भटकाने का प्रयास किया जा रहा है।
भाजपा प्रवक्ता ने कहा कि सरकार परीक्षा प्रक्रिया को सुचारू और पारदर्शी ढंग से संपन्न कराने के लिए आवश्यक कदम उठा रही है। उनके अनुसार, परीक्षा से पहले के अंतिम घंटे छात्रों के लिए बेहद महत्वपूर्ण होते हैं और इस दौरान किसी भी प्रकार की राजनीतिक गतिविधि उनके मानसिक दबाव को बढ़ा सकती है।
सुधांशु त्रिवेदी ने कांग्रेस से कई सवाल भी पूछे। उन्होंने कहा कि जब परीक्षा से जुड़े मामलों पर न्यायपालिका संज्ञान ले चुकी है और आवश्यक निर्णय लिए जा चुके हैं, तब इस आंदोलन का वास्तविक उद्देश्य क्या है। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि कार्यक्रम की शुरुआत के लिए कोटा को ही क्यों चुना गया, जहां बड़ी संख्या में छात्र प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करते हैं।
उन्होंने राजस्थान में पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार के कार्यकाल का जिक्र करते हुए दावा किया कि उस दौरान कई परीक्षा पेपर लीक के मामले सामने आए थे। वहीं वर्तमान सरकार द्वारा ऐसे मामलों में कार्रवाई किए जाने की बात भी कही। भाजपा का दावा है कि हाल के वर्षों में परीक्षा प्रणाली को अधिक सुरक्षित बनाने की दिशा में प्रयास किए गए हैं।
त्रिवेदी ने कुछ मीडिया रिपोर्टों का हवाला देते हुए यह आरोप भी लगाया कि छात्रों को कार्यक्रम में शामिल कराने के लिए दबाव बनाए जाने की खबरें सामने आई हैं। हालांकि इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस को इस विषय पर स्पष्ट जवाब देना चाहिए।
राहुल गांधी के खिलाफ तीखी टिप्पणी करते हुए भाजपा प्रवक्ता ने कहा कि छात्रों के भविष्य और परीक्षा जैसे संवेदनशील मुद्दों को राजनीतिक मंच नहीं बनाया जाना चाहिए। उनके अनुसार, परीक्षा के समय छात्रों का मनोबल बढ़ाने और उन्हें सकारात्मक माहौल देने की आवश्यकता होती है।
गौरतलब है कि कांग्रेस ने कोटा से अपने देशव्यापी छात्र अभियान की शुरुआत करने का ऐलान किया है। पार्टी का कहना है कि यह अभियान पेपर लीक, परीक्षा में अनियमितताओं और बेरोजगारी जैसे मुद्दों को लेकर युवाओं की आवाज उठाने के लिए शुरू किया जा रहा है। इसी को लेकर भाजपा और कांग्रेस के बीच राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप का दौर तेज हो गया है।