पीपलखूंट सीएचसी में चिकित्सकों के रिक्त पदों पर शीघ्र नियुक्ति: चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री
जयपुर। चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री गजेन्द्र सिंह ने मंगलवार को विधानसभा में कहा कि सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र पीपलखूंट में चिकित्सकों के रिक्त पदों को शीघ्र भरा जाएगा। उन्होंने बताया कि प्रदेश में 25 हजार नर्सिंग स्टाफ की नियुक्ति की गई है। इससे नर्सिंग स्टाफ की आवश्यकता की काफी हद तक पूर्ति हुई है। उन्होंने बताया कि नर्सिंग स्टाफ का स्थानान्तरण कम्प्यूटराइज सिस्टम से पूरी निष्पक्षता के साथ किया गया है। इसका सबसे ज्यादा फायदा जनजाति बहुल क्षेत्रों और रेगिस्तानी क्षेत्रों को हुआ है। चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री प्रश्नकाल के दौरान विधायक नाना लाल निनामा द्वारा इस संबंध में पूछे गए पूरक प्रश्नों का जवाब दे रहे थे। उन्होंने कहा कि सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र पीपलखूंट नेशनल हाइवे संख्या 113 पर स्थित है, जो कि बांसवाड़ा को प्रतापगढ़ से जोड़ता है। उन्होंने कहा कि पीपलखूंट से नजदीकी ट्रोमा सेन्टर प्रतापगढ की दूरी लगभग 45 किमी एवं ट्रोमा सेन्टर बांसवाडा की दूरी लगभग 48 किमी है। केन्द्र सरकार के दिशा- निर्देशों के अनुसार 100 किलोमीटर पर एक ट्रोमा सेंटर खोले जाने का प्रावधान है। इस आधार पर वर्तमान में पीपलखूंट में ट्रोमा सेन्टर खोला जाना प्रस्तावित नहीं है। सिंह ने कहा कि पीपलखूंट सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र पर कुल स्वीकृत पद 26 हैं, जिनमें से 15 भरे हुए हैं। चिकित्सकों के 6 पदों में से 2 भरे हुए हैं तथा नर्सिंग स्टाफ के पद पर्याप्त रूप से भरे हैं। उन्होंने बताया कि यहां आईपीडी में 6 मरीज तथा ओपीडी में लगभग 80 मरीज प्रतिदिन आते हैं। इससे पहले सदस्य निनामा के मूल प्रश्न के लिखित जवाब में चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि केन्द्र सरकार की ट्रोमा गाइडलाइन के अनुसार दुर्घटना में घायल व्यक्ति को 50 किमी से अधिक परिवहन की आवश्यकता न पडे इसी क्रम में प्रत्येक 100 किमी पर एक ट्रोमा सेंटर खोले जाने का प्रावधान है।