शीतला अष्टमी पर श्रद्धा एवं भाव से की माता की पूजा
लक्ष्मणगढ़। आज बुधवार को शीतला अष्टमी का त्योहार श्रद्धा एवं भाव से माता को बासी पकवानो का भोग एवं पूजा कर माता बहनों ने सुख समृद्धि की कामना की। मां दुर्गा के अनेक रूप है ।और उन्हीं में से एक रूप देवी शीतला माता का है। माता शीतला आरोग्य और शीतलता प्रदान करने वाली देवी हैं। चैत्र मास की कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि को शीतला अष्टमी का त्योहार मनाया गया । इसे बासोड़ा से नाम से भी जाना जाता है। तला अष्टमी का त्योहार बुधवार, 15 मार्च यानी आज मनाया गया। वैज्ञानिक दृष्टिकोण से शीतला अष्टमी को बहुत ही महत्वपूर्ण माना जाता है। चैत्र के महीने में या गर्मियों की शुरुआत में बीमारियां ज्यादा होती हैं। इसलिए इस माह में शीतला माता की पूजा की जाती है। शीतला माता का रूप बेहद खास है। उनके एक हाथ में झाड़ू है। एक हाथ में पानी का कलश है एक हाथ में नीम के पत्ते हैं। और एक हाथ से वो आशीर्वाद दें रही हैं। तला अष्टमी होली के आठ दिन बाद मनाई गई। यह पर्व उपखंड क्षेत्र मे काफी धूमधाम से मनाया गया। लोग शीतला अष्टमी के एक दिन पहले ही भोग तैयार कर लेते हैं। और इसे अगले दिन सुबह दूसरे दिन माता को चढ़ाया गया।