तिलक नगर में बवाल : AAP नेताओं-कार्यकर्ताओं पर FIR
नई दिल्ली। दिल्ली के तिलक नगर में सड़क निर्माण को लेकर शुरू हुआ विवाद अब पुलिस कार्रवाई तक पहुंच गया है। आम आदमी पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं पर पुलिसकर्मी के साथ कथित मारपीट तथा सरकारी काम में बाधा डालने के आरोप में एफआईआर दर्ज की गई है। मामले में AAP नेता सौरभ भारद्वाज, विधायक जरनैल सिंह, साहिब सिंह समेत अन्य कार्यकर्ताओं के नाम सामने आए हैं।
पुलिस के मुताबिक, सोमवार को अरविंद केजरीवाल के तिलक नगर दौरे के दौरान सादे कपड़ों में वीडियोग्राफी की ड्यूटी कर रहे हेड कॉन्स्टेबल अशोक कुमार को भीड़ ने घेर लिया। आरोप है कि इस दौरान उनके साथ मारपीट की गई। पुलिसकर्मी घटना की रिकॉर्डिंग कर रहे थे। कथित मारपीट के बाद उनका मेडिकल परीक्षण भी कराया गया।
पुलिस ने सरकारी कर्मचारी को उसके काम से रोकने और सरकारी अधिकारी के साथ मारपीट से संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है। इसके अलावा, जरनैल सिंह के खिलाफ सरकारी कर्मचारियों के काम में बाधा डालने के आरोप में भी एफआईआर दर्ज होने की जानकारी सामने आई है।
सड़क की गुणवत्ता को लेकर केजरीवाल ने उठाए सवाल
दरअसल, यह विवाद उस घटनाक्रम के बाद बढ़ा जिसमें दिल्ली के PWD मंत्री प्रवेश वर्मा सड़क का निरीक्षण करने तिलक नगर पहुंचे थे। इस दौरान एक युवक साहिब सिंह को थप्पड़ मारने का वीडियो सामने आया था। इसके बाद AAP ने वर्मा के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। पुलिस ने इस मामले में एफआईआर के बजाय एनसीआर दर्ज किए जाने की जानकारी दी है।
इसके अगले दिन अरविंद केजरीवाल तिलक नगर पहुंचे। उनके साथ राज्यसभा सदस्य संजय सिंह, विधायक जरनैल सिंह और पार्टी के अन्य नेता मौजूद थे। केजरीवाल ने सड़क की गुणवत्ता को लेकर दिल्ली की भाजपा सरकार पर सवाल उठाए।
केजरीवाल ने मौके पर सड़क की सतह का एक हिस्सा हाथ से उखाड़कर दिखाया और निर्माण में कथित अनियमितता की जांच की मांग की। उन्होंने कहा कि कुछ ही दिन पहले बनी सड़क का इस तरह टूटना गंभीर सवाल खड़े करता है।
केजरीवाल ने दावा किया कि पिछली AAP सरकार के समय बनाई गई सड़कों पर पांच साल की गारंटी होती थी। उन्होंने सड़क निर्माण में कथित गड़बड़ी के लिए जिम्मेदार लोगों की जांच और कार्रवाई की मांग की।
प्रवेश वर्मा पर भी पुलिस की कार्रवाई
रविवार को हुए थप्पड़ विवाद को लेकर पुलिस ने PWD मंत्री प्रवेश वर्मा के खिलाफ भी एनसीआर दर्ज की है। उपलब्ध रिपोर्टों के अनुसार, साहिब सिंह की ओर से शिकायत दी गई थी, जबकि पूरे घटनाक्रम को लेकर पुलिस को अलग-अलग शिकायतें भी मिली थीं। पुलिस मामले से जुड़े आरोपों और घटनाक्रम की जांच कर रही है।
प्रवेश वर्मा ने अपने पक्ष में कहा है कि सोशल मीडिया पर सामने आया वीडियो पूरे घटनाक्रम का संदर्भ नहीं दिखाता। उन्होंने दावा किया कि मौके पर उनके परिवार के खिलाफ आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल किया गया था। दूसरी ओर, AAP ने घटना को लेकर वर्मा की गिरफ्तारी और माफी की मांग की है। इन आरोपों और दावों की पुष्टि जांच के बाद ही होगी।
तिलक नगर का यह विवाद अब सड़क निर्माण की गुणवत्ता, कथित मारपीट और सरकारी काम में बाधा के आरोपों से जुड़ी अलग-अलग पुलिस कार्रवाइयों तक पहुंच गया है। दोनों पक्ष एक-दूसरे पर आरोप लगा रहे हैं और पुलिस शिकायतों के आधार पर मामले की जांच कर रही है।