इनरव्हील क्लब द्वारा पीसीओडी पर कार्यशाला
कोटा। युवतियों में पाई जाने वाली प्रमुख समस्या पीसीओडी पर इनरव्हील क्लब द्वारा कार्यशाला का आयोजन रोटरी बिनानी सभागार में किया गया। जिसमें मासिक धर्म, हार्मोन असंतुलन तथा रजोनिवृत्ति आदि पर 90 युवतियों को कारण व निवारण पर जानकारी दी गई। क्लब अध्यक्ष मंजू बंसल ने बताया की कार्यक्रम में मुख्य वक्ता स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ. निधि बर्थुनिया रही। उन्होने हार्मोनल असंतुलन, स्तन कैंसर, सर्वाइकल कैंसर, पीसीओडी आदि मुद्दों के बारे में जागरूक किया।
उन्होने कहा कि युवतियों में पीसीओडी अधिकांश किशोरियों की समस्या बन गई है।
युवितयों ने रखा प्रश्नो का अम्बार
क्लब सचिव पशमीना मित्तल ने बताया कि युवतियां भी इस कार्यक्रम से जुड़ी और उन्होने अपने जीवन में होने वाली परेशानी को साझा करते हुए कई प्रश्न भी पूछे। डॉ. निधि बर्थुनिया ने बताया कि जीवनशैली मंे परिवर्तन के कारण यह समस्या होती है। पीसीओडी एक हार्मोनल समस्या है। जिससे गर्भाशय में छोटी-छोटी गांठें बनने लगती हैं। नतीजतन, पीरियड्स (मासिक धर्म चक्र) अनियमित हो जाते हैं। वजन बढ़ना, गर्भावस्था में कठिनाई, गर्भधारण करने में विफलता या गर्भावस्था में कई समस्याएं। ये और कई अन्य समस्याएं पीसीओडी के कारण हो सकती हैं। शुरुआत में यह समस्या 30-35 साल की महिलाओं को महसूस होती थी। हालांकि अब 18 से 20 साल की लड़कियां भी पीसीओडी से पीड़ित हैं। कार्यक्रम में क्लब सदस्यों ने भागीदारी की और जानकारी प्राप्त की।