शिवाजी महाराज का अपमान करने वालों को राज्य माफ नहीं करेगा : फडणवीस
पुणे । महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने छत्रपति शिवाजी महाराज की जयंती पर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की और उन्हें योग्य प्रशासक करार दिया। उन्होंने कहा कि शिवाजी ने एक कल्याणकारी राज्य के संचालन का उदाहरण स्थापित किया था। फडणवीस ने पुणे जिले के शिवनेरी किले में मराठा सम्राट को श्रद्धांजलि अर्पित करने के बाद संवाददाताओं से कहा कि जो लोग छत्रपति शिवाजी महाराज का अपमान करने की कोशिश करेंगे, उन्हें उनकी ‘असली जगह’ दिखाई जाएगी और राज्य उन्हें माफ नहीं करेगा। उन्होंने कहा कि शिवाजी महाराज ने न सिर्फ स्वराज्य की स्थापना की, बल्कि राष्ट्रीय गौरव की भावना भी जगाई।
महान योद्धा शिवाजी का जन्म 19 फरवरी 1630 को पुणे जिले की जुन्नर तहसील के शिवनेरी में हुआ था। मुख्यमंत्री फडणवीस, उपमुख्यमंत्रियों एकनाथ शिंदे और अजित पवार ने शिवाजी महाराज की जयंती के अवसर पर शिवनेरी किले में आयोजित ‘पालना अनुष्ठान’ समेत विभिन्न कार्यक्रमों में शिरकत की। मराठा सम्राट की 395वी जयंती पर आयोजित समारोह में भाग लेने के लिए बड़ी संख्या में लोग किले में एकत्र हुए। किले में उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए फडणवीस ने कहा, ‘‘जब कई राजाओं और राज्यों ने मुगल शासन को स्वीकार कर लिया, तो राजमाता जीजाबाई ने छत्रपति शिवाजी महाराज को ऐसे नेतृत्व के रूप में देखा, जो शोषण और अत्याचार को खत्म करेंगे और लोगों को स्वराज्य की ओर ले जाएंगे।’’
मुख्यमंत्री ने कहा कि अपनी मां से प्राप्त मूल्यों के साथ शिवाजी महाराज ने सभी समुदायों के लोगों को एकजुट किया और मावलों की एक सेना बनाई। उन्होंने न केवल ‘स्वराज्य’ की स्थापना की, बल्कि राष्ट्रीय गौरव की भावना भी जगाई। फडणवीस ने शिवाजी महाराज के किलों के संरक्षण के महत्व पर जोर देते हुए कहा कि वे मंदिरों से भी अधिक महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि इन किलों के संरक्षण के लिए प्रयास किए जा रहे हैं और इन सभी स्थलों से अतिक्रमण हटाने के लिए एक कार्य बल का गठन किया गया है।