रेबीज से बचाव को लेकर जयपुर में चलेगा जागरूकता अभियान
जयपुर। विश्व रेबीज दिवस के अवसर पर 28 सितंबर से 4 अक्टूबर 2026 तक विश्व रेबीज सप्ताह मनाया जाएगा। इस वर्ष अभियान की थीम “Stronger Together” (मजबूत साथ, सुरक्षित भविष्य) रखी गई है। जयपुर द्वितीय जिले में इस दौरान रेबीज की रोकथाम और आमजन को बीमारी के प्रति जागरूक करने के लिए विभिन्न गतिविधियां आयोजित की जाएंगी।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी जयपुर द्वितीय डॉ. मनीष मित्तल ने बताया कि रेबीज गंभीर और जानलेवा बीमारी है, लेकिन समय पर उपचार और टीकाकरण के जरिए इससे बचाव संभव है। उन्होंने जिले के सभी चिकित्सा संस्थानों को अभियान के दौरान लोगों को रेबीज के लक्षण, बचाव के उपाय और कुत्ते या किसी अन्य संदिग्ध पशु के काटने के बाद तुरंत उठाए जाने वाले कदमों की जानकारी देने के निर्देश दिए।
अभियान के तहत घरेलू और आवारा कुत्तों के टीकाकरण के लिए संबंधित विभागों के साथ समन्वय किया जाएगा। इसके अलावा रेबीज के संदिग्ध मामलों की पहचान, निगरानी और आवश्यक नियंत्रण गतिविधियों पर भी ध्यान दिया जाएगा। स्वास्थ्य विभाग रेबीज से जुड़े मामलों और टीकाकरण के आंकड़ों का नियमित रूप से संकलन और विश्लेषण करेगा।
डिप्टी सीएमएचओ (हैल्थ) डॉ. सुरेन्द्र गोयल ने बताया कि जिले में जन-जागरूकता कार्यक्रमों के जरिए लोगों को रेबीज के लक्षण, बीमारी से बचाव और टीकाकरण की उपयोगिता के बारे में बताया जाएगा। स्कूलों में विद्यार्थियों को कुत्तों से सुरक्षित व्यवहार करने और काटे जाने की स्थिति में बिना देरी चिकित्सा सहायता लेने के लिए जागरूक किया जाएगा।
स्वास्थ्य विभाग की ओर से रेबीज से जुड़े जरूरी संदेशों को मीडिया और सोशल मीडिया के माध्यम से भी लोगों तक पहुंचाया जाएगा। चिकित्सा अधिकारियों और संबंधित कार्मिकों को अभियान की गतिविधियों का प्रभावी संचालन सुनिश्चित करने तथा उनकी प्रगति की नियमित निगरानी के निर्देश दिए गए हैं।